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डाॅ. विपिन गिरि

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सर सैयद अहमद खां

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अख्तर उल इमान

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गौरी शंकर सुकोमल जी ने लिखी परशुराम पर भगवान परशु रामायण

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  परशुराम जंयती तीन मई पर विशेष गौरी शंकर सुकोमल जी ने लिखी परशुराम पर भगवान परशु रामायण अशोक मधुप आज भगवान परशुराम की जयंती अक्षय तृतीया है। आज भगवान परशुराम का अवतरण दिवस है।दुनिया के सात अमर व्यक्तियों में भगवान परशुराम की भी गणना होती है।भगवान परशुराम पर भक्तों और श्रद्धालुओं द्वारा सदियों से लिखा जा रहा है।सबने अपने – अपने दृष्टिकोण से भगवान परशुराम को पढ़ा, देखा और लिया। उत्तर प्रदेश के धामपुर नगर के तो विद्वान पंडित गौरी शंकर शर्मा सुकोमल ने भगवान परशुराम के जीवन चरित्र पर पूरी परशु रामायण लिख दी। इस परशु रामायण की विशेष बात यह है कि ये गेय है। राधेश्याम कथा वाचक की रामायण की तर्ज पर लिखी ये रामायण गाई जा सकती है। गाई जाती है। गाई जा रही है। 17 फरवरी 1943 में जन्में पंडित गौरी शंकर शर्मा सुकोमल बीए, साहित्य रत्न हैं। वे मूल रूप से पत्रकार और लेखक हैं। रंगमंच और कथावाचन से जुडे गौरीशंकर शर्मा जी के मन में आया कि भगवान परशुराम पर तथ्यात्मक रूप से कुछ नही मिलता।ये विचार आते ही उन्होंने भगवान परशुराम पर रामायण लिखने का निर्णय लिया। ये भगवान परशुराम पर मिले साहित्य...

अरुण कुमार शर्मा

            कुछ दिन पहले , मेरे एक पुराने दोस्त – अरुण कुमार शर्मा का मुझे फ़ोन आया। वह मेरी किताब ' जनपद बिजनौर ' के बारे में पूछ रहे थे। उन्होंने बताया कि यह किताब ' अमर उजाला ' और 'Amazon.in' – दोनों ही जगहों पर ' आउट ऑफ़ स्टॉक ' है , और उन्होंने इस किताब की बहुत तारीफ़ सुनी है। मैंने उनसे पूछा: "क्या तुम अब भी बंगाली में कविताएँ लिखते हो ?" मैंने यह भी पूछा कि आजकल वह क्या कर रहे हैं।   अरुण कुमार शर्मा मेरे एक पुराने दोस्त हैं। उन्होंने 1980 से 2021 तक इंडियन इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी ( IIT) कानपुर में पढ़ाया। उन्हें ह्यूमैनिटीज़ और सोशल साइंसेज़ विभाग में रखा गया था , लेकिन उन्होंने गणित विभाग और इंडस्ट्रियल और मैनेजमेंट इंजीनियरिंग विभाग में भी पढ़ाया , और इंजीनियरिंग और विज्ञान की सभी शाखाओं के छात्रों को भी पढ़ाया। रिटायरमेंट के बाद उन्होंने IMT गाज़ियाबाद , जयपुरिया इंस्टीट्यूट ऑफ मैनेजमेंट लखनऊ , और लखनऊ विश्वविद्यालय के समाजशास्त्र विभाग में पढ़ाया। उनके बारे में दिलचस्प बात यह है कि उन्होंने कभी औपचारिक रूप से समाजश...